फर्रुखाबाद कन्नौज, मार्च 7 -- नवाबगंज। लेह के ग्लेशियर पर देश की सीमाओं की रक्षा करते हुए शहीद हुए जनपद के लाल हवलदार कुलदीप यादव का पार्थिव शरीर शनिवार को उनके पैतृक गांव कलौली पहुंचा। शहीद के अंतिम दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा। 'भारत माता की जय' और 'शहीद कुलदीप अमर रहे' के गगनभेदी नारों के बीच सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। जब उनके 4 वर्षीय पुत्र राम ने पिता की चिता को मुखाग्नि दी तो वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं। हवलदार कुलदीप यादव सेना की 872 लाइट रेजिमेंट (तोपखाना) में तैनात थे। वर्तमान में उनकी यूनिट लेह के पत्तापुर क्षेत्र में पाकिस्तान सीमा के समीप ग्लेशियर पर प्रशिक्षण चल रहा था। 2 मार्च की दोपहर करीब 2:30 बजे प्रशिक्षण से लौटते समय कुलदीप अपने साथियों के साथ बर्फ में दब गए थे। साथियों ने तुरंत सर्च ऑप...
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