बांदा, जून 5 -- बांदा। बुंदेलखंड में गर्मी के सीजन में पानी की किल्लत बढ़ जाती है। वहीं सप्ताह भर पहले आए आंधी तूफान ने समस्या और विकराल कर दी है। जिससे जिले भर में बिजली व्यवस्था चरमरा जाने से पेयजल संकट और गहरा गया है।

बिजली व्यवस्था की समस्या शहर की आबादी के लिए केन नदी के पानी से भूरागढ़ इंटेकबेल में पानी पहुंचता है। जहां पर नदी की जलधारा सिकुड़ जाने से जल संस्थान बांध बनाकर इंटेकलबेल तक पानी पहुंचा रहा है। शहर के लिए रोजाना 28.5 एमएलटी पानी की आवश्यकता है लेकिन इसके मुकाबले रोजाना 23.5 एमएलटी पानी ही मिल पा रहा है। जिससे अन्य माध्यमों से पेयजल आपूर्ति की जाती है। जल संस्थान का दावा है कि छह टंकियों में पानी भरने में 18 घंटे के समय लगता है लेकिन इतने समय तक बिजली नहीं मिल पाती जिससे उनकी टंकियां पूरी नहीं भर पाती है। कहा कि 1010 हैंड...