नई दिल्ली, जून 14 -- दिल्ली के मालवीय नगर में लगी आग से बचीं और बांग्लादेशी नागरिक शामिया चौधरी ने अपने परिजन के शव को बांग्लादेश ले जाने के खर्च को लेकर चिंता जताई है। उनका आरोप है कि शुरू में उनसे शव को मुफ्त में वापस भेजने का वादा किया गया था, लेकिन बाद में दूतावास में उनसे 180000 रुपए देने को कहा गया। एएनआई से बात करते हुए चौधरी ने कहा कि परिवार को बताया गया था कि शव को ले जाने का खर्च सरकार उठाएगी। उन्होंने दावा किया कि सरकार ने अपना वादा पूरा नहीं किया। शामिया ने कहा कि सरकार ने शव को मुफ्त में बांग्लादेश पहुंचाने का वादा किया था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। इसके बजाय दूतावास में हमसे 180000 रुपए लिए गए। मैं जानना चाहती हूं कि यह काम मुफ्त में क्यों नहीं किया गया। मुझे नहीं पता कि हमें पैसे वापस मिलेंगे या नहीं, लेकिन मैं यह जानना चाहती हूं...