नई दिल्ली, अप्रैल 24 -- सुनने में अजीब लग सकता है लेकिन एक स्टडी के मुताबिक 80 प्रतिशत लोगों के शरीर में खाने और पानी के साथ माइक्रोप्लास्टिक के अंश भी पाए गए हैं। फल, सब्जी, दूध, पानी और ऐसी ही पता नहीं कितनी चीजें हर रोज हम खाते हैं और इन खाने-पानी की चीजों के साथ चुपके से प्लास्टिक के बेहद छोटे कण शरीर के अंदर प्रवेश कर जाते हैं। जो हमे धीरे-धीरे ही सही पर बीमार बनाते हैं। सुनकर हैरानी होगी साल लेकिन दुनिया के 21 देशों के कई नमक सैंपल में 90 प्रतिशत माइक्रोप्लास्टिक मिल चुका है। तो अगर आप प्लास्टिक के इन महीन कणों से खुद के शरीर को बचाना चाहते हैं तो खाने-पीने और किचन से जुड़ी इन आदतों में बदलाव लाना शुरू कर दें।प्लास्टिक के कंटेनर पानी भरना बंद करें पानी माइक्रोप्लास्टिक के एक्सपोजर का सबसे बड़ा सोर्स है। स्टडी में पाया गया है कि बोतल...
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