भागलपुर, जनवरी 24 -- बिहपुर, संवाद सूत्र। शब-ए-बरात इबादत और मगफिरत की रात होती है। इस मुकद्दस रात का सभी मुसलमानों को पूरे एहतराम के साथ पालन करना चाहिए। ये बातें शनिवार को खानकाह-ए-आलिया कादिरिया फरीदिया मोहब्बतिया में सज्जादानशीं हजरत अली कौनैन खां कादरी फरीदी और नायब सज्जादानशीं हजरत मौलाना अली शब्बर खां कादरी फरीदी ने कही। उन्होंने अपील की कि शब-ए-बरात को फिजूलखर्ची और आतिशबाजी से बचते हुए पूरी अकीदत और सादगी के साथ मनाएं। शब-ए-बरात 3 फरवरी को मनाई जाएगी।

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