विश्व आत्महत्या बचाव दिवस : असफलता न सह पाने से बढ़ रही किशोरों में आत्महत्या की प्रवृत्ति
गोरखपुर, सितम्बर 10 -- गोरखपुर, वरिष्ठ संवाददाता। किशोर और युवाओं में आत्महत्या की प्रवृत्ति तेजी से बढ़ रही है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग में रोजाना औसतन एक ऐसा किशोर मरीज आ रहा है, जिसने आत्महत्या का प्रयास किया है। डॉक्टरों और काउंसलरों का कहना है कि ज्यादातर किशोर सोशल मीडिया से प्रभावित हो रहे हैं। डिजिटल दुनिया और वास्तविक दुनिया के बीच के अंतर को समझ न पाने के कारण मानसिक दबाव झेलने की ताकत कम हो रही है। मानसिक दबाव में आने के बाद भी ये किशोर अपने अपनों से संवाद नहीं कर पा रहे हैं। जिससे समस्या और गंभीर हो जाती है。 यह भी पढ़ें- किशोरों में आत्महत्या के प्रयास करीब तीन गुना बढ़ेगोरखपुर, बस्ती, बिहार और नेपाल से मरीज बीआरडी मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग में आत्महत्या में असफल हुए किशोरों की संख्या चिंताजनक बताई जा रही है। ...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.