प्रमुख संवाददाता, अप्रैल 8 -- बिहार के विश्वविद्यालयों में प्राध्यापकों के लिए प्रतिदिन कम से कम पांच घंटे कक्षाओं में पढ़ाना अनिवार्य होगा। लोकभवन ने मंगलवार को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। राज्य के सभी विश्वविद्यालयों को भेजे गए निर्देश में लोकभवन ने कहा है कि शिक्षकों को सप्ताह में 40 घंटे का शैक्षिक कार्य हर हाल में पूरा करना होगा। इसके लिए प्राध्यापकों को किसी दिन कॉलेज या विभाग में पांच घंटे से अधिक समय भी देना पड़े तो दें। यह शेड्यूल एक सेमेस्टर में कम से कम 30 सप्ताह या 180 दिन के शैक्षिक कार्य के लिए होगा। निर्देश सहायक प्राध्यापक से लेकर प्राध्यापकों तक के लिए लागू होगा। लोकभवन ने सर्वोच्च अदालत के आदेशों ओर यूजीसी के प्रावधानों का हवाला देते हुए कहा है कि इसे विश्वविद्यालयों में पूरी तरह लागू किया जाए। बीआरएबीयू के कॉलेजो...