मथुरा, अप्रैल 27 -- संस्कृति विश्वविद्यालय में एग्रीटेक, प्लांट और हेल्थ साइंसेज विषय पर आयोजित तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन महत्वपूर्ण निष्कर्षों के साथ संपन्न हुआ। इसमें अंतर्राष्ट्रीय विशेषज्ञों ने वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए नवाचार, अनुसंधान एवं अकादमिक साझेदारियों के महत्व पर जोर दिया। तीसरे दिन यूनिवर्सिटी ऑफ वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया के प्रो. कदंबोट सिद्दीकी ने 'टिकाऊ फसल उत्पादन के लिए फसल अवशेष प्रबंधन' विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने वैज्ञानिक प्रकाशनों के महत्व और मुंबई व चेन्नई में यूडब्लूए कैंपस स्थापित करने की जानकारी दी। उन्हें 'साइंटिस्ट ऑफ द ईयर' (2023) सहित कई सम्मान मिल चुके हैं। औरंगाबाद की फाउंडेशन फॉर एडवांस्ड ट्रेनिंग इन प्लांट ब्रीडिंग के निदेशक डॉ. शरण अंगादी ने फसल पौधों की रणनीतिक भूमिका पर विचार रखे, जब...