वाराणसी, अप्रैल 25 -- वाराणसी, विशेष संवाददाता। जिले के प्रभारी मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि संसद में महत्वपूर्ण विधेयकों का विरोध कर कांग्रेस, सपा, टीएमसी और डीएमके ने देश की आधी आबादी के साथ विश्वासघात किया है। इससे उन्होंने अपनी महिला-विरोधी मानसिकता को उजागर कर दिया है। शुक्रवार को लखनऊ में उनकी प्रेसवार्ता को यहां सर्किट हाउस में वर्चुअल किया गया। खन्ना ने कहा कि कांग्रेस ने दशकों तक तकनीकी बहानों, समितियों और खोखली बहसों से महिला आरक्षण को लंबित रखा। जब भी पिछड़े वर्गों को अधिकार देने की बात आई, उसने आयोगों की रिपोर्टों को ठंडे बस्ते में डाल दिया। पंचायतों में महिलाओं को आरक्षण देना उनके लिए आसान था, क्योंकि वहां उनकी अपनी राजनीतिक प्रभावित नहीं होती थी, लेकिन संसद में उन्होंने दरवाजे बंद रखे। यह भी पढ़ें- विपक्ष की महिला-विरोधी मानस...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.