रांची, अप्रैल 23 -- रांची, विशेष संवाददाता। हजारीबाग वन भूमि घोटाले के आरोपी आईएएस अधिकारी विनय चौबे की जमानत याचिका पर गुरुवार को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। अदालत ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। इस मामले में हजारीबाग एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने प्राथमिकी दर्ज की है। विनय चौबे पर आरोप है कि उन्होंने सह आरोपी विनय कुमार सिंह को सरकारी जमीन के अवैध अधिग्रहण में सहयोग किया। आरोप के अनुसार, विनय कुमार सिंह ने हजारीबाग में 28 डिसमिल गैरमजरूआ खास, जंगल-झाड़ श्रेणी की सरकारी जमीन की खरीद की और अधिकारियों की कथित मिलीभगत से उसका गलत तरीके से म्यूटेशन भी करा लिया। यह भी पढ़ें- रिश्वत लेने के आरोपी दारोगा को नहीं मिली जमानत मामले के उजागर होने के बाद एसीबी ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की, जिसमें आईएएस अधिक...