बागपत, नवम्बर 23 -- आत्महत्या की बढ़ रही घटनाओं को रोकने के लिए उच्च शिक्षण संस्थानों में अनिवार्य रूप से काउंसिलिंग सत्र आयोजित कराएं जाएंगे। विद्यार्थियों को तनावमुक्त रहने के विशेषज्ञ टिप्स देंगे। विशेष काउंसिलिंग सत्र में हर 15 दिनों पर मनोवैज्ञानिक व विशेषज्ञों को आमंत्रित किए जाएंगे। पढ़ाई को और उसके बार करियर संवारने को लेकर युवा वर्ग अधिकांश तनावग्रस्त हो जाते है। ऐसे में असफलता मिलने पर सोचने-समझने की क्षमता पर असर पड़ता है। फिर उनके सामने आत्महत्या करने का रास्ता दिखाई देता है, जोकि गलत है। युवाओं को आत्महत्या के रास्ते से रोकने के लिए उच्च शिक्षण संस्थानों में काउंसिलंग के विशेष सत्रों का आयोजन कराया जाएगा। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की ओर से इसके लिए आदेश जारी किए गए है। आदेश के बाद जिला स्तर पर कार्य की योजना तैयार कर ली गई है...
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