नई दिल्ली, अगस्त 1 -- नई दिल्ली। विशेष संवाददाता केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि किसी विदेशी नागरिक को तब तक उसके देश वापस नहीं भेजा जा सकता है, जब तक कि उसका देश उसकी नागरिकता की पुष्टि न करें और उसे स्वीकार करने के लिए सहमति न हो। केंद्र सरकार ने कुछ लोगों की नागरिकता की पुष्टि किए बगैर ही विदेशी घोषित किए जाने के फैसले के खिलाफ दाखिल याचिका के जवाब में सुप्रीम कोर्ट में इस बारे में हलफनामा दाखिल किया है। यह भी पढ़ें- नागरिकता की पुष्टि होने तक विदेशी को वापस नहीं भेज सकतेसरकार का हलफनामा शीर्ष अदालत में दाखिल अपने हलफनामे में सरकार ने साफ किया है कि 'जब तक किसी विदेशी नागरिक की नागरिकता की पुष्टि नहीं हो जाती है तब तक उसे वापस नहीं भेजा। इतना ही नहीं सरकार ने कहा है कि नागरिकता की पुष्टि के बिना वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू...