नोएडा, जुलाई 1 -- नोएडा, सौम्य मिश्र। गौतमबुद्ध नगर समेत पूरे प्रदेश में वाहनों की प्रदूषण जांच कराना महंगा हो गया है। प्रदूषण जांच शुल्क में पांच से दस रुपये तक की वृद्धि की गई है। बिना वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र के वाहन चलाने पर 10 हजार रुपये तक का जुर्माना किया जाता है। जिले में लगभग 12 लाख वाहन हैं, जिनमें से 60 हजार इलेक्ट्रिक वाहनों को छोड़कर सभी पर यह नियम लागू है। परिवहन विभाग ने बढ़ते वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए इस वर्ष वाहनों की प्रदूषण जांच शुल्क में वृद्धि की है और इसे लागू कर दिया गया है। नए नियम के तहत वाहन मालिक को पेट्रोल से चलने वाले दोपहिया वाहनों की प्रदूषण नियंत्रण जांच 65 रुपये के बजाए 70 रुपये में देने पड़ रहे हैं। पेट्रोल, एलपीजी या सीएनजी से चलने वाले तिपहिया वाहनों का शुल्क 85 से बढ़ाकर 90 रुपये किय...