नवादा, दिसम्बर 27 -- नवादा/वारिसलीगंज, हिसं/निसं। नए साल के स्वागत की तैयारियां जोरों पर हैं। जहां आधुनिकता के दौर में लोग होटलों और मॉल की ओर रुख करते हैं, वहीं वारिसलीगंज के शांतिपुरम स्थित सूर्य मंदिर परिसर ने अपनी एक अलग पहचान बनाई है। पहली जनवरी को यहां केवल पूजा-अर्चना ही नहीं होती, बल्कि यह स्थान एक भव्य पिकनिक स्पॉट के रूप में भी तब्दील हो जाता है। स्थानीय लोगों के लिए यह आस्था, शुद्धता और सामुदायिक एकजुटता का सबसे बड़ा केंद्र बनकर उभरता है। 55 वर्षों की अटूट परम्परा और प्राकृतिक सौंदर्य शांतिपुरम स्थित इस सूर्य मंदिर का इतिहास काफी गौरवशाली है। पिछले 55 वर्षों से यहां छठ महापर्व की परम्परा अनवरत चली आ रही है। समय के साथ स्थानीय लोगों के सहयोग से इस परिसर का सौंदर्यीकरण इस कदर किया गया है कि इसकी छटा किसी पर्यटन स्थल से कम नहीं लगत...