बागेश्वर, मई 9 -- देवेंद्र पांडे, बागेश्वर। जिले में वन भूमि हस्तांतरण के मामले लंबित होने से विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। विभागीय स्तर से लेकर राज्य और केंद्र सरकार तक कुल 43 प्रस्ताव विभिन्न चरणों में अटके हुए हैं। इनमें सड़क और पेयजल योजनाओं से जुड़े प्रस्ताव प्रमुख हैं। हाल ही में जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे ने समीक्षा बैठक में लंबित मामलों को शीघ्र निपटाने के निर्देश दिए, ताकि विकास कार्यों में तेजी लाई जा सके। जिले में सड़क निर्माण और पेयजल योजनाओं के लिए वन भूमि की आवश्यकता पड़ती है, जिसके लिए वन विभाग की अनुमति जरूरी होती है। वर्तमान में 23 प्रस्ताव प्रस्तावक विभाग स्तर पर, 15 नोडल स्तर पर, चार वन विभाग स्तर पर तथा एक केंद्र सरकार स्तर पर लंबित है। यह भी पढ़ें- वन भूमि हस्तांराण के लंबित मामलों में विभाग करें समन्वय स्थापित कई स...