देहरादून, फरवरी 4 -- वनाग्नि एक गंभीर पर्यावरणीय चुनौती है। इससे निपटना केवल वन विभाग ही नहीं हर किसी की जिम्मेदारी है। ये बात सीसीएफ वनाग्नि सुशांत पटनायक ने बुधवार को केंद्रीय राज्य वन सेवा अकादमी में विभिन्न विभागों के लिए आयोजित वनाग्नि प्रबंधन प्रशिक्षण के शुभारंभ पर कही। उन्होंने बताया कि 15 फरवरी से शुरू होने वाले वनाग्नि सीजन के लिए तैयारियां जोरों पर हैं। फायर लाइनों की सफाई की जा रही है। पिरूल प्रबंधन के लिए भी विशेष कार्ययोजना बनाई जा रही है। वहीं कंट्रोल बर्निंग लगभग पूरी हो चुकी है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी तालमेल और समन्वय की बात कही। डीएफओ चकराता वैभव कुमार सिंह ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम वनाग्नि नियंत्रण के लिए विभागों के बीच जमीनी स्तर पर समन्वय को सुदृढ़ करेगा, जिससे वन एवं जनसुरक्षा को मजबूती मिलेगी। कार्यक्...
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