नई दिल्ली, जून 22 -- देश की सियासत में इन दिनों दलबदल और सियासी उठापटक का दौर चरम पर है। महाराष्ट्र में शिवसेना (UBT) से लेकर पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के भीतर उथल पुथल मची हुई है। बीते कुछ महीनों में इन बड़े विपक्षी दलों में हुई टूट का फायदा सत्ताधारी NDA को हुआ है। नतीजा यह है कि लोकसभा और राज्यसभा दोनों में NDA पहले से कहीं ज्यादा मजबूत दिख रही है। इन सब के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या NDA संसद में उस जादुई आंकड़े के करीब पहुंच रहा है, जो देश की चुनावी राजनीति की दिशा बदल सकता है? इससे पहले थोड़ा पीछे चलकर देखें तो इस पूरे सियासी घटनाक्रम की शुरुआत 17 अप्रैल 2025 को हुई। नरेंद्र मोदी की सरकार को अपने 12 साल के कार्यकाल में पहली बार किसी संवैधानिक संशोधन विधेयक पर हार का सामना करना पड़ा था। गौरतलब है कि सरकार ने संस...