हिन्दुस्तान ब्यूरो, दिसम्बर 26 -- बिहार विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद कांग्रेस इसका ठीकरा लोकल नेताओं पर फोड़ने जा रही है। कांग्रेस राज्य में अपने मजबूत और कमजोर प्रखंड एवं जिलाध्यक्षों की पहचान करेगी। बताया जा रहा है कि निष्क्रिय जिलाध्यक्ष एवं प्रखंड अध्यक्षों पर गाज गिर सकती है। उनकी जगह पार्टी के समर्पित नेताओं को आगे लाया जाएगा। बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने जिला पर्यवेक्षकों को यह काम सौंपा है। उन्हें जिला और प्रखंडों का दौरा कर मजबूत एवं कमजोर अध्यक्षों की सूची बनाकर प्रदेश नेतृत्व को सौंपने का टास्क दिया गया है। पटना के सदाकत आश्रम स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में गुरुवार को हुई बैठक में इस पर निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने पर्यवेक्षकों को निर्देश दिया कि 9 जनवरी तक इसकी ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.