लोकतंत्र का गला घोंटने की कोशिश बर्दाश्त नहीं :आइसा
बगहा, जुलाई 18 -- बेतिया, बेतिया कार्यालय नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के दौरान सोनम वांगचुक को जबरन उठाकर अस्पताल ले गई। वहीं भूख हड़ताल के 21वें दिन बैठीं आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा को भी बलपूर्वक हटाया गया। उक्त बाते आइसा जिला अध्यक्ष मोहित शर्मा ने कही। उन्होंने कहा कि यह केवल कुछ आंदोलनकारियों पर हमला नहीं, बल्कि देश के करोड़ों छात्रों और युवाओं की लोकतांत्रिक आवाज़ को कुचलने की कोशिश है। सरकार छात्रों के सवालों का जवाब देने के बजाय पुलिस के दम पर आंदोलन दबाना चाहती है। हम स्पष्ट कर देना चाहते हैं कि दमन से छात्र-युवा आंदोलन का मनोबल टूटने वाला नहीं है। यह भी पढ़ें- तानाशाह सरकारें जन आंदोलनों से डरती हैं, सोनम वांगचुक को जबरन उठाने पर भड़की AAP जितना दमन होगा, उतनी ही मजबूती से देशभर के छात्र सड़क पर उतरेंगे और...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.