कोडरमा, नवम्बर 22 -- कोडरमा/धनबाद। सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स (सीटू) ने चार श्रम संहिताओं के कार्यान्वयन को देश के मेहनतकश तबके पर सीधा हमला करार देते हुए कड़ी आपत्ति जताई है। सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा जारी अधिसूचना श्रमिक वर्ग के अधिकारों और कल्याणकारी राज्य के चरित्र को नष्ट करने वाली है। धनबाद में आयोजित सीटू के राज्य सम्मेलन में संबोधित करते हुए संजय पासवान ने बताया कि 21 नवंबर 2025 को चार श्रम संहिताओं- वेतन संबंध संहिता, औद्योगिक संबंध संहिता, सामाजिक सुरक्षा संहिता तथा व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्य शर्तें संहिता -को मनमाने ढंग से लागू किया गया। उनके अनुसार यह निर्णय सभी लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं की अनदेखी करते हुए एकतरफा तरीके से लिया गया है।
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