मुजफ्फरपुर, नवम्बर 18 -- मुजफ्फरपुर, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। लीची की पत्तियों से उच्च गुणवत्ता वाली खाद तैयार होगी। इसको लेकर राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केन्द्र, मुशहरी में वैज्ञानिक लीची के पत्तों पर शोध कर रहे हैं। केन्द्र में लीची की पत्तियों से वुड-चिपर विकसित करने पर काम जारी है, ताकि छंटाई के दौरान निकलने वाले अन्य अपशिष्ट का उपयोग मूल्यवर्धित उत्पादों में किया जा सकेगा। राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केन्द्र में सोमवार को किसान-वैज्ञानिक संवाद के दौरान निदेशक डॉ. बिकास दास ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि लीची बायो-चार पत्तियों से बनने वाली उच्च गुणवत्ता वाली खाद है। इससे मिट्टी की उर्वरता, उत्पादन क्षमता तथा बागानों की दीर्घकालिक स्थिरता में सुधार संभव है। कार्यक्रम में वैज्ञानिकों ने किसानों को बताया कि लीची की पत्तियों से उच्च गुणवत्ता का...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.