नई दिल्ली, सितम्बर 24 -- लेह और लद्दाख के कई हिस्सों में 24 सितंबर को हिंसा की पहली बरसी पर बृहस्पतिवार को बंद रखा गया। लद्दाख को राज्य का दर्जा देने और छठी अनुसूची के तहत संरक्षण की मांग को लेकर पिछले साल 24 सितंबर को हुए प्रदर्शन के दौरान चार लोगों की मौत हो गई थी। लेह और कारगिल में दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे। वहीं सड़कों पर वाहनों की आवाजाही कम रही, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। लद्दाख में कुछ लोगों ने इस दिन को 'शहीद दिवस' के रूप में मनाया। पिछले साल हुई हिंसा के दौरान जान गंवाने वालों को श्रद्धांजलि देने के लिए लेह और कारगिल में कार्यक्रम भी आयोजित किए गए।लद्दाख यह भी पढ़ें- सोनम वांगचुक ने लगाई थी आवाज, पर नहीं गए अभिजीत दीपके, सौरभ दास या आशुतोष रांका के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने हिंसा के सिलसिले में दर्ज मामलों म...