प्रमुख संवाददाता, अगस्त 4 -- Lucknow-Kanpur Expressway: तेज रफ्तार और कम समय में सफर का वादा करने वाला लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के बाद से ही सवालों के घेरे में है। यह एक्सप्रेसवे कानपुर-लखनऊ यात्रियों की पहली पसंद तो बना, लेकिन बार-बार सड़क धंसने, लगातार मरम्मत, डायवर्जन और अधिक टोल शुल्क के कारण अब बड़ी संख्या में लोग दोबारा पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग का रुख करने लगे हैं। शुरुआत में एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल करने वाले करीब 30 फीसदी वाहन फिर पुराने हाईवे पर लौट आए हैं। हालांकि एनएचएआई से जुड़े लोग दुश्वारियों को कारण नहीं मान रहे हैं। उनका कहना है कि बड़ी संख्या एक्सप्रेसवे पर चलकर उसका जायजा लेने वालों की थी। छह महीने बाद औसत ट्रैफिक का आकलन होगा। 14 जुलाई को एक्सप्रेसवे के शुरू होने के बाद से अब तक पांच बार सड़क धंसने और क्षतिग्र...