बदायूं, अप्रैल 27 -- पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल ने गर्मी के मौसम में रेल यात्रा को सुरक्षित बनाने और आगजनी की घटनाओं को रोकने के लिए कमर कस ली है। डीआरएम ने यात्रियों और ट्रैक किनारे रहने वाले ग्रामीणों से अपील की है कि रेलवे ट्रैक के पास कचरा या पराली जलाना न केवल खतरनाक है, बल्कि कानूनी अपराध भी है, जिसमें जेल की सजा का प्रावधान है। डीआरएम वीणा सिन्हा ने यात्रियों से अपील की है कि वे ट्रेन में सफर के दौरान गैस सिलेंडर, स्टोव, पटाखे या किसी भी तरह का ज्वलनशील पदार्थ लेकर न चलें। अक्सर देखा जाता है कि लोग चलती ट्रेन से जलती हुई बीड़ी या सिगरेट फेंक देते हैं, जिससे ट्रैक किनारे सूखी घास में भीषण आग लग सकती है। इसके अलावा, रेल पटरियों के पास रहने वाले किसानों और आमजन से भी अपील की गई है कि वे अपनी पराली या कूड़ा पटरियों के पास न जलाए...
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