रेलवे की नौकरी छोड़ 10 साल की मेहनत से उगाया अनोखा उद्यान
गुमला, जून 20 -- गुमला अगर जुनून और लगन हो तो एक व्यक्ति भी बदलाव की मिसाल बन सकता है। सिसई प्रखंड के कुलंगकेरी गांव में रहने वाले 60 वर्षीय शैलेंद्र भगत ने कुछ ऐसा ही कर दिखाया है। रेलवे की नौकरी छोड़कर उन्होंने अपना पूरा ध्यान बागवानी और पर्यावरण संरक्षण पर लगाया और आज उनकी मेहनत लगभग दो एकड़ एक खूबसूरत उद्यान के रूप में लोगों को आकर्षित कर रही है। करीब 10-11 वर्षों की लगातार मेहनत के बाद तैयार यह उद्यान किसी हरित क्रांति का शानदार मिसाल है। यहां कदम रखते ही हरियाली, ताजी हवा और प्रकृति की खूबसूरती लोगों का मन मोह लेती है। उद्यान की सबसे खास पहचान सदियों पुराने वटवृक्ष की जड़ों के बीच बनाया गया प्राकृतिक शीतल कक्ष है। गर्मी के दिनों में भी यहां का तापमान बाहर की तुलना में 10 से 12 डिग्री तक कम रहता है। बिना बिजली और मशीन के प्रकृति की म...
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