मॉस्को, अक्टूबर 5 -- युद्ध के बीच रूस दोहरी मार का सामना करता नजर आ रहा है। खबर है कि देश में प्लेग के चलते मौत हुई है और एहतियात के तौर पर सैकड़ों लोगों को क्वारंटाइन किया गया है। खास बात है कि इसके साथ ही देश में महामारी फैलने का खतरा बढ़ गया है। हालांकि, इसे लेकर WHO यानी विश्व स्वास्थ्य संगठन या रूस सरकार की ओर से आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा गया है। 28 वर्षीय डारया शिपिलोवा की कथित रूप से प्लेग के चलते मौत हो गई है। वह रूस के इरकुत्स्क में साइबेरियन क्षेत्र में स्थित शेलेखोव में एंडी प्लेग रिसर्च इंस्टीट्यूट में काम करती थीं। कहा जा रहा है कि वह बेहद संक्रामक न्यूमोनिक प्लेग की चपेट में आ गईं थीं। खबर है कि वह टेस्ट ट्यूब के टूटने के चलते इसका शिकार हुईं। अगर समय पर इलाज न मिले, तो यह जानलेवा साबित हो सकता है।कैसे हुई घटना शिपिलोवा क...