मिर्जापुर, मार्च 3 -- लालगंज, हिन्दुस्तान संवाद। क्षेत्र के मझियार गांव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ पड़े। कथा वाचक कुंदन महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण और रुक्मिणी विवाह प्रसंग का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन किया। कथा पंडाल में उपस्थित श्रद्धालु भक्ति रस में डूब गए। कुंदन महाराज ने कहाकि विदर्भ की राजकुमारी रुक्मिणी बचपन से ही भगवान श्रीकृष्ण को अपना आराध्य मानती थीं। उन्होंने कहा कि जब रुक्मिणी को ज्ञात हुआ कि उनके भाई रुक्मी ने उनका विवाह शिशुपाल से तय कर दिया है तब उन्होंने अपने हृदय की वेदना एक ब्राह्मण के माध्यम से श्रीकृष्ण तक पहुंचाई। महाराज ने कहा कि यह प्रसंग केवल विवाह का नहीं, बल्कि सच्ची श्रद्धा और अटूट विश्वास का प्रतीक है।कथा के दौरान उन्होंने विस्तार से वर्णन किया कि कैसे रुक्मिणी ने भगवान क...