सोनभद्र, सितम्बर 4 -- अनपरा,संवाददाता। तकनीकी खराबी-कोयला कमी और अनुरक्ष्ण के चलते इकाइयों का बंद होना ऊर्जांचल के बिजलीघरों के उत्पादन पर बेहद भारी पड़ रहा है। एनटीपीसी के 3000 मेगावाट के रिहन्द बिजलीघर से बीते 24 घंटो के दौरान औसतन 1700 मेगावाट बिजली आपूर्ति की जा सकी। 500-500 मेगावाट की दो इकाइयां बंद होना इसकी वजह बनी। 2000 मेगावाट क्षमता के एनटीपीसी सिंगरौली के उत्पादन में भी भारी गिरावट रही और महज 1135 मेगावाट ही बिजली दी जा सकी जिसमें शुक्रवार को और अधिक कमी दर्ज हुई। अनुरक्षण आदि से इकाइयां बंद होने को इसका कारण बताया। 12 सौ मेगावाट के अनपरा सी और 2630 मेगावाट के अनपरा में कोयला किल्लत का असर रहा। सभी इकाइयां चालू होने पर भी क्रमश: 883 मेगावाट और 1525 मेगावाट बिजली ही यह प्रदेश को दे सके है। 2320 मेगावाट के ओबरा का हाल सर्वाधिक खर...