नई दिल्ली, जुलाई 22 -- यूपी के अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में दर्ज मुकदमे की विवेचना में कुछ नए नाम भी सामने आ सकते हैं। पुलिस मामले में सीसीटीवी फुटेज और अब तक जुटाए गए अन्य साक्ष्यों का फोरेंसिक परीक्षण भी कराएगी। साक्ष्यों के आधार पर आरोपितों की भूमिका तय किए जाने के साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि ट्रस्ट पदाधिकारियों व अन्य की चोरी के मामले में लापरवाही किस हद की रही है। उन पर किसी तरह की आपराधिक जिम्मेदारी बनती है अथवा नहीं। सुप्रीम कोर्ट में एसआईटी की स्टेटस रिपोर्ट प्रस्तुत किए जाने के बाद अब अयोध्या की श्रीरामजन्म भूमि कोतवाली में दर्ज एफआईआर की विवेचना के लिए दूसरी एसआईटी का गठन होना है। इस एसआईटी में तीन आईपीएस अधिकारी शामिल होंगे, जिनकी निगरानी में विवेचना को पूरा कराकर आरोपितों के विरुद्ध कोर्ट में आरोपपत्र द...