चित्रकूट, सितम्बर 5 -- सीतापुर, संवाददाता। भगवान राम की तपोभूमि धर्मनगरी चित्रकूट में मंदाकिनी के जलप्रलय की त्रासदी रामघाट में दिख रही है। दो दिन बीतने के बाद भी पूरी तरह रामघाट से मलबा नहीं हट पाया है। रामघाट में पड़े भारी मलबे के साथ टूटे बिजली के तार-खंभे खुद बयां कर रहे हैं कि मंदाकिनी की लहरों ने किस तरह तबाही मचाई है। घाट के पत्थर उखड़कर मंदाकिनी में समा गए है और भारी-भरकम गड्ढो हो गया है। धर्मनगरी में यूपी से लेकर एमपी क्षेत्र तक मंदाकिनी किनारे रहने वाले लोगों को काफी नुकसान हुआ है। दुकानें और मकान क्षतिग्रस्त हो गए है। रामघाट में संचालित एक होटल के सामने मंदाकिनी की लहरों ने इस कदर तबाही मचाई कि यहां पर्यटन विभाग की ओर से बिछे पत्थर जलधारा में समा गए है। स्टॉप डैम में एक नाव अब भी फंसी हुई है। देखा जाए तो मंदाकिनी ने रामघाट का पूर...