रांची, सितम्बर 21 -- रांची, विशेष संवाददाता। झारखंड के राज्य विश्वविद्यालयों में संचालित होनेवाले स्व-वित्तपोषित पाठ्यक्रम के नियमों व परिनियमों को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया तेज हो गई है। उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग (झारखंड राज्य उच्च शिक्षा परिषद) ने राज्य के सभी विश्वविद्यालयों के रजिस्ट्रार के साथ द्वितीय हितधारक परामर्श सत्र आयोजित करने का निर्णय लिया है। उच्च शिक्षा निदेशक सुधीर बाड़ा की ओर से सोमवार को इस संबंध में सभी सरकारी विश्वविद्यालयों के रजिस्ट्रार को पत्र जारी किया गया। बैठक सुबह 11:30 बजे ऑनलाइन माध्यम से आयोजित की जाएगी। विभाग की ओर से जारी आधिकारिक पत्र में स्पष्ट किया गया है कि इससे पूर्व 25 अगस्त को विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधियों के साथ आयोजित परामर्श सत्र में कई अहम सुझाव प्राप्त हुए थे। यह भी पढ़ें- नए महाविद्यालय...