मुंगेर, अप्रैल 9 -- मुंगेर, निज प्रतिनिधि। जिले में राजस्व कर्मचारियों और सीओ-आरओ की हड़ताल से आमजन पहले ही परेशान थे, अब पंचायत सचिवों के अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाने से ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याएं और बढ़ गई हैं। बुधवार, 8 अप्रैल से जिले की सभी पंचायत सचिव कामकाज ठप कर हड़ताल पर चले गए, जिससे पंचायत स्तर की व्यवस्था पर व्यापक असर पड़ने की आशंका है। यह हड़ताल बिहार राज्य पंचायत सचिव संघ के आह्वान पर शुरू हुई है। पांच सूत्री मांगों को लेकर शुरू हुआ आंदोलन अब गांवों के विकास कार्यों और प्रशासनिक व्यवस्था की रफ्तार पर ब्रेक लगाता नजर आ रहा है। संघ का कहना है कि यह कदम मजबूरी में उठाया गया है। जिलाध्यक्ष विजेंद्र कुमार सिंह के अनुसार 15 मई 2025 को पंचायत राज विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई बैठक में तीन माह के भीतर मांगें पूरी करने...