जयपुर, अक्टूबर 25 -- राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम ब्रांच ने आम लोगों को फर्जी कोर्ट सम्मन और वारंट के माध्यम से हो रही साइबर ठगी के प्रति सतर्क रहने की चेतावनी जारी की है। पुलिस ने बताया कि साइबर अपराधी खुद को न्यायालय अधिकारी, पुलिस अधिकारी या वकील बताकर नागरिकों को डराते हैं और उनसे ऑनलाइन पैसे ऐंठते हैं। डीआईजी साइबर क्राइम, विकास शर्मा ने इस मामले में आम जनता को सचेत करते हुए कहा कि साइबर ठग लगातार नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को धोखा दे रहे हैं। साइबर ठगी के तरीके काफी चालाक और भ्रामक हैं। अपराधी धमकी भरे नोटिस भेजते हैं और खुद को न्यायालय या पुलिस अधिकारी बता कर पीड़ितों को डराते हैं। इन नोटिसों में डिजिटल हस्ताक्षर युक्त फर्जी दस्तावेज, जैसे कि जमानती वारंट, फर्जी एफआईआर या कोर्ट सम्मन शामिल होते हैं। सोशल मीडिया के माध्यम से भेजे गए...
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