नई दिल्ली, मई 2 -- क्या आपने कभी सुना है कि भगवान के साथ भी 'प्रॉफिट शेयरिंग' होती है? राजस्थान के श्री सांवलिया सेठ मंदिर में यही हकीकत बन चुकी है। यहां भक्त सिर्फ पूजा नहीं करते, बल्कि भगवान को अपने कारोबार में पार्टनर बनाते हैं और मुनाफे का हिस्सा भी देते हैं। इस अनोखी परंपरा का ही असर है कि मंदिर में इस साल 337 करोड़ रुपये का चढ़ावा आया है, जिसने 34 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया।आस्था + अकाउंट = सांवलिया मॉडल देश के अलग-अलग हिस्सों से व्यापारी, कारोबारी और शेयर बाजार के खिलाड़ी यहां पहुंचते हैं। लेकिन उनकी भक्ति का तरीका अलग है। वे भगवान से सिर्फ मन्नत नहीं मांगते, बल्कि एक तरह का 'एग्रीमेंट' करते हैं मुनाफा होगा, तो हिस्सा आपका भी होगा। यानी यहां भक्ति भावनात्मक नहीं, बल्कि 'कमिटमेंट बेस्ड' है।स्टाम्प पेपर पर भगवान के साथ डील इस मंदिर की ...