जयपुर, मार्च 20 -- राजस्थान में अनुसूचित जाति (SC) वर्ग की कल्याणकारी योजनाओं में बजट खर्च नहीं होने को लेकर सियासत गरमा गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने इस मुद्दे को जोरदार तरीके से उठाते हुए भजनलाल शर्मा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। जूली ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय से जुड़ी संसदीय समिति की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि दलितों के लिए आवंटित बजट का बड़ा हिस्सा खर्च न होना सरकार की नीयत और प्राथमिकताओं पर सवाल खड़ा करता है।23 प्रतिशत बजट सरेंडर का आरोप जूली के मुताबिक वित्त वर्ष 2024-25 में अनुसूचित जाति विभाग के लिए 10,309 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया था। हालांकि, इसमें से करीब 2,345 करोड़ रुपये यानी लगभग 23 प्रतिशत राशि सरकार द्वारा सरेंडर कर दी गई। उन्होंने इसे "दलित विरोधी मानसिकता" का संकेत बता...
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