राजयोगिनी जानकी दादी की पुण्य स्मृति पर उनके जीवन पर डाला प्रकाश
पूर्णिया, मार्च 27 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। प्रजापिता ब्रम्ह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय पूर्णिया शाखा के द्वारा बीके मुकुट मणि के नेतृत्व में राजयोगिनी जानकी दादी की छठी पुण्य स्मृति पर उनके जीवन पर प्रकाश डाला गया। बीके मुकुट मणि ने बताया कि उनका जन्म 1 जनवरी 1916 को पाकिस्तान के हैदराबाद सिंध में हुआ था। 21 वर्ष की आयु में उन्होंने अध्यात्म का रास्ता चुना और ब्रह्माकुमारी संस्थान से जुड़ गईं l राजयोगिनी दादी जानकी एक प्रेरणादायक व्यक्तित्व थीं। जिन्होंने अपना जीवन समाज सेवा और आध्यात्मिकता के लिए समर्पित किया। ब्रह्माकुमारी संस्था की शुरुआत एक छोटे से समूह के रूप में हुई। जिसमें ज्यादातर युवा महिलाएं थीं। दादी जानकी संचालिका जो 2007 से 2020 तक प्रजापिता ब्राह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय अंतरराष्ट्रीय संस्था, माउंट आबू...
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