सराईकेला, मार्च 8 -- राजनगर। राजनगर के कालाझरना में आदिवासी 'हो' समुदाय के प्रमुख त्योहारों में से एक बाहा परब धूमधाम से मनाया गया। ज्ञात हो कि मागे पर्व के बाद हो समुदाय बाहा पर्व मनाते हैं। ग्राम देउरी दुम्बी देवगम ने देशाऊली में साल का फूल, पत्ता एवं नए फल की पूजा अर्चना कर सिंहबोंगा से ग्राम की खुशहाली की कामना की। ग्रामीणों ने सखुआ (साल वृक्ष) के फूल और पत्ते से अपने पूर्वजों की पूजा अर्चना की। ग्रामीण अपने घर के आदिंग (पूजा घर) में साल के पत्ते में पूर्वजों और ईष्ट देवता के नाम प्रसाद के रूप में भात और गोटा मसूर का दाल चढ़ाया। बाहा पूजा में नए हांडी में भात और गोटा मसूर दाल बिना तेल मसाला का सादा रूप में बनाया जाता है। दाल में दो-चार छोटी मछलियां भी मिलाकर पकाया जाता है। मान्यता है कि आदिवासी समाज में बाहा पूजा करने के उपरांत ही नए फ...