जमुई, दिसम्बर 26 -- बरहट । निज संवाददाता सरकार शिक्षा के उत्थान के बड़े बड़े दावे तो करती दिखाई देती है किन्तु जमीनी हकीकत इन दावों से बिल्कुल विपरीत है। प्रखंड का कटौना पंचायत स्थित राजकीय बुनियादी विद्यालय बिचला टोला भी इससे अछूता नहीं है। यहां चार जर्जर कमरों में आठवीं तक की पढ़ाई कराई जाती है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि कि यहां पढ़ाई के नाम पर बच्चों का क्या भविष्य बनाया जा रहा है। विद्यालय की जर्जर हालत देखकर स्पष्ट होता है कि यहां पढ़ाई के नाम पर शिक्षा की खानापूर्ति की जा रही है। विद्यालय पंजी में यहां कक्षा 1 से 8 तक कुल 93 बच्चे नामांकित हैं। बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के लिए प्रधानाध्यापक सहित दो शिक्षक और एक शिक्षिका पदस्थापित हैं। इसके बावजूद संसाधनों के अभाव में पढ़ाई प्रभावित है। यहां एक कमरे में दो कक्षा के बच्चों को बिठाया...