गुड़गांव, जून 10 -- गुरुग्राम, गौरव चौधरी। रहेजा डेवलपर्स लिमिटेड को राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) से बड़ा झटका लगा है। एनसीएलटी की नई दिल्ली स्थित प्रधान पीठ ने रहेजा डेवलपर्स के खिलाफ दिवाला समाधान प्रक्रिया शुरू करने की याचिका को स्वीकार कर लिया है। न्यायाधिकरण के इस फैसले से गुरुग्राम के सेक्टर-78 स्थित रेवांता रिहायशी प्रोजेक्ट के उन 176 फ्लैट खरीदारों को बड़ी राहत मिली है, जो पिछले डेढ़ दशक से अपने आशियाने के लिए भटक रहे थे। न्यायाधिकरण ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से माना है कि डेवलपर द्वारा खरीदारों को तय समय-सीमा के भीतर फ्लैटों का कब्जा न देना प्रथम दृष्टया मे चूक और अनुबंध के उल्लंघन का मामला बनता है। यह भी पढ़ें- दिल्ली में लग्जरी फ्लैट्स को क्यों नहीं मिल रहे खरीदार? बढ़ाई गई बुकिंग डेट; जानें कीमत, लोकेशन और खास...