सिद्धार्थ, जून 20 -- डुमरियागंज, हिन्दुस्तान टीम। क्षेत्र के कस्बा हल्लौर स्थित वक्फ बोर्ड इमामबाड़ा में गुरुवार की रात मजलिस में बाराबंकी के मौलाना मोहम्मद जहीर जैदी ने कहा कि कर्बला की पाक ज़मीन पर अपने साथियों के साथ शहादत देने वाले इमाम हुसैन की अज़ीम कुर्बानी को रहती दुनिया भुलाया नहीं जा सकता है।उन्होंने कहा कि इमाम हुसैन अलै ने अपने नाना हजरत मोहम्मद मुस्तफा के दीन‌ इस्लाम को बचाने के लिए उनके बताए रास्ते पर चलते रहे। मैदान ए कर्बला में उन्होंने अपने साथ 71 साथियों की अज़ीम कुर्बानी इसलिए दे दी ताकि दुनिया वालों के बीच इस्लाम की सही तस्वीर, हक व शांति का संदेश फैलाया जा सके। यह भी पढ़ें- जनाबे सकीना के मसायब सुन अजादारों की नम हुईं आंखें उन्होंने सभी चाहने वालों से कर्बला के वाक्या को याद कर हर ग़रीब, मज़लूम व बेसहारा लोगों की मदद ...