सिद्धार्थ, अप्रैल 9 -- सिद्धार्थनगर, निज संवाददाता। खाड़ी युद्ध के साथ शुरू हुए रसोई गैस के संकट ने सभी को मुश्किल में डाल रखा है। रसोई गैस समय से नहीं मिल पा रही है। इन सब संकट के बीच कंपनियों ने नए गैस कनेक्शन के साथ ट्रांसफर भी रोक लगा रखी है इससे जो बाहरी लोग ट्रांसफर हो गए हैं या रिटायर होकर अपने घर की राह देख ली है उनके सामने बड़ी संकट खड़ा हो गया है कि नए स्थान पर पहुंच कर कैसे गैस का इंतजाम करेंगे।घरेलू रसोई गैस तो आ ही जा रही है यह अलग बात है कि बुकिंग के 10-15 दिन बाद ही मिल पा रही है। गोदाम से देने का सिस्टम खत्म हो चुका है होम डिलेवरी में टाइम लग रहा है। जिनके घरों की गैस खत्म हो चुकी है वह लकड़ी या कोयला जला कर भोजन बना रहे हैं। होटल व ढाबा वालों का तो हाल बेहाल है। कोई बंद कर घर पर आराम फरमा रहा है तो कोई कोयला की भठ्ठी का प...