दरभंगा, मार्च 28 -- दरभंगा। पर्याप्त संख्या में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर नहीं मिलने से डीएमसीएच की जीविका रसोई में कई व्यंजनों का स्वाद गायब हो गया है। रसोई में उपलब्ध चंद सिलेंडरों से केवल अस्पताल में इलाजरत छह सौ से अधिक मरीजों को खाना उपलब्ध कराने के लिए वहां का चूल्हा जल रहा है। कम से कम गैस खर्च करने को लेकर जीविका रसोई में चाय तक बंद कर दी गई है। मरीजों के परिजन अलग-अलग व्यंजनों का स्वाद चखने की उम्मीद में वहां पहुंच रहे हैं। उन्हें चावल, दाल और सब्जी से ही संतुष्ट होना पड़ रहा है। कई व्यंजन उपलब्ध नहीं रहने की वजह से चिकित्सकों और छात्रों को भी मायूस होना पड़ रहा है। खाड़ी युद्ध शुरू होने के बाद से कॉमर्शियल रसोई गैस की किल्लत को देखते हुए जीविका रसोई में समोसा, लिट्टी, मैगी, पूरी-सब्जी सहित कई व्यंजन बनाने पर रोक लगा दी गई है। अस्पताल म...
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