बेगुसराय, जनवरी 3 -- सिंघौल, निज संवाददाता। मौजूदा ठंड के मौसम के मद्देनजर पूसा स्थित कृषि विश्वविद्यालय के कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए समसामयिक सुझाव जारी किए हैं। खासकर आलू, मटर, टमाटर, धनिया, लहसुन एवं अन्य रबी फसलों में झुलसा रोग की नियमित निगरानी करने की सलाह दी गई है। इस रोग में पत्तियों के किनारे और सिरे से झुलसना शुरू होकर पूरा पौधा प्रभावित हो जाता है। लक्षण दिखाई देने पर डाइथेन एम-45 फफूंदनाशक दवा 2.5 ग्राम प्रति लीटर पानी में घोल बनाकर 10 दिन के अंतराल पर 2-3 बार समान रूप से छिड़काव करें। वहीं नवंबर के प्रारंभ में बोई गई रबी मक्का की फसल (55-60 दिन अवस्था) में 50 किलोग्राम नत्रजन उर्वरक प्रति हेक्टेयर का प्रयोग कर मिट्टी चढ़ाएं। मक्का में तना बेधक कीट की निगरानी करें। इसकी सूंडियों कोमल पत्तियों खाती हैं और तने में सुरंग ...
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