कौशाम्बी, मार्च 3 -- गंगा-यमुना के मध्य बसी तथागत की तपोभूमि बुधवार को होली के रंगों से आलोकित हो उठेगी। शांतिदूत की नगरी में रंग पर्व पूर्ण आस्था, उल्लास और भाईचारे के साथ मनाया जाएगा। चहुंदिश रंगों की फुहारें बरसेंगी। हृदयों में प्रेम की मिठास घुल जाएगी। इसी के साथ पुरातन धरती नवीन रंगों से सज्जित होकर नृत्य करेगी। मंझनपुर, करारी, भरवारी, चायल, सिराथू, अजुहा, सरायअकिल सहित जिले के सभी नगरों और गांवों में होलियारों ने अपनी तैयारियां पूर्ण कर ली हैं। मंगलवार को मुहूर्त के शुभ न होने के कारण मुख्य रंग-क्रीड़ा स्थगित रही, किंतु बाल-बालकों का उत्साह अवरुद्ध न हो सका। उन्होंने गुलाल की छोटी-छोटी फुहारों से ही होली का स्वागत कर लिया। अब बुधवार को प्रातः से रंगों का दौर प्रारंभ होगा, जो गुरुवार संध्या तक अनवरत चलता रहेगा। घर-घर में ठंडाई तैयार ...
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