बागेश्वर, जनवरी 27 -- अखिल भारतीय सवर्ण मोर्चा के प्रदेश प्रभारी नवीन ममगाई ने यूजीसी की नवीन नियमावली पर सवाल उठाए हैं। कहा कि सवर्ण बच्चों को अब शिक्षा भी मिलना मुश्किल है। वह अपनी ही कक्षा के सहपाठी के साथ किसी भी प्रकार की चर्चा कर सकता है। यदि चर्चा करते समय किसी बाद को लेकर एससीएसटी तथा अन्य पिछड़े वर्ग के बच्चे को असहज महसूस हुआ तो वह उसके विरुद्ध कार्रवाई करेगा। प्राथमिकी के आधार पर उसे बिना जांच के जेल जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पूर्व में एसीएसटी एक्ट में 95 से अधिक प्रतिशत केस फर्जी पाए गए थे। मंगलवार को यहां पत्रकार वार्ता में मोर्चा के प्रदेश प्रभारी ममगाई ने कहा कि यूजीसी में आए नए नियम के अनुसार ओबीसी तथा मुस्लिम वर्ग को लिया गया है। उन्होंने कहा कि ब्राह्मण, क्षेत्रीय तथा वैश्य समाज के लोगों के साथ यह घोर अन्याय है। मोर्च...
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