राजकुमार शर्मा, अप्रैल 17 -- यूपी में नए स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए योगी सरकार ने नई पहल की है। स्टार्टअप नीति के तहत प्रदेश में पंजीकृत स्टार्टअप को सरकार 10 साल से निरीक्षण में छूट देगी ताकि सूबे में उन्हें अपनी व्यवसायिक जड़ें जमाने में आसानी हो और इसमें लालफीताशाही का कोई हस्तक्षेप नहीं होगा। इसके लिए उन्हें श्रम विभाग में स्वप्रमाणन व्यवस्था के तहत आवेदन करना होगा। यह लाभ गैर खतरनाक श्रेणी के कारखानों, प्रतिष्ठानों और उत्कृष्टता केंद्रों को मिलेगा। एक ओर मध्य-पूर्व में हालिया युद्ध के कारण दुनियाभर के देशों के सामने अलग-अलग तरह की चुनौतियां हैं। श्रम कानूनों में व्यापक बदलाव के चलते सभी श्रेणियों के उद्योगों को विभिन्न प्रकार की राहत दी जा रही हैं। इसी क्रम में स्टार्टअप पर सरकार का खास फोकस है। प्रदेश में बेहतर औद्योगिक माहौल ब...
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