कानपुर, अगस्त 1 -- कानपुर। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के आंचलिक केंद्र के आंकड़ों में उत्तर प्रदेश में जुलाई में हुई वर्षा अपने औसत से 27 फीसदी कम रह गई। इसमें भी पूर्वी उत्तर प्रदेश में 34 और पश्चिमी यूपी में 15 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई। पूर्वी यूपी का एक भी जिला ऐसा नहीं रहा जहां औसत या इससे अधिक बारिश हुई हो। पश्चिमी के 10 जिलों में औसत से अधिक वर्षा दर्ज की गई। जुलाई में मानसून लगातार सक्रिय रहने के बाद भी पूरे प्रदेश में समान वर्षा की स्थितियां नहीं बन पाईं। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र, उत्तर पश्चिमी विक्षोभ और अन्य मौसमी सिस्टम के कारण बारिश होती रही। कहीं बर्स्ट रेन हुई तो कहीं पॉकेट रेन हुई। बारिश के दिवस कम हो गए और सीमित दिवसों में ही एक-दो बार तेज बारिश से कुल बारिश औसत के नजदीक पहुंच सकी。 यह भी पढ़ें- आज...