हजारीबाग, सितम्बर 21 -- हजारीबाग, हमारे प्रतिनिधि। फेडरेशन ऑफ हजारीबाग चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर 15 अक्टूबर 2026 से 2000 रुपए से अधिक के यूपीआई भुगतान पर 0.4 प्रतिशत की दर से अधिकतम प्रति भुगतान 300 रुपए तक एमडीआर शुल्क वसूलने के प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया है। चैंबर ने इसे अव्यवहारिक और तुगलकी कानून बताते हुए जनहित में इसे वापस लेने का आग्रह किया है।चैंबर के अध्यक्ष शंभू नाथ अग्रवाल और सचिव राकेश ठाकुर द्वारा हस्ताक्षरित पत्र में इससे होने वाले निम्नलिखित दुष्प्रभावों का उल्लेख किया गया है। कहा है कि इससे डिजिटल इंडिया को झटका‌ लगा है। यूपीआई भुगतान के कारण भारत में आई डिजिटल भुगतान की क्रांति पर इससे लगाम लगेगी। यह भी पढ़ें- मर्चेंट डिस्काउंट रेट से होगा व्यापारियों का शोषण एमडीआर लगने से पुनः नकद लेन-...