यूपीआई के लिए कोई शुल्क चुकाने से परहेज क्यों
नई दिल्ली, अक्टूबर 22 -- नारायण रामचंद्रन,फेलो, तक्षशिला फाउंडेशन व्यापारियों को किए जाने वाले बड़े यूपीआई भुगतान (उन व्यापारियों को 2,000 रुपये से अधिक का, जो यूपीआई के जरिये महीने में एक लाख रुपये से ज्यादा की रकम प्राप्त करते हैं) पर हाल में घोषित 'व्यापारी छूट दर (एमडीआर)' को लागू करने का फैसला दीपावली तक के लिए टाल दिया गया है। यूपीआई ने डिजिटल भुगतान को एक ऐसी सुविधा में बदल दिया है, जिसमें कोई रुकावट नहीं आती और अब तक यह पूरी तरह से नि:शुल्क रही है। हालांकि, इस विकास को सरकार के उस आदेश से बल मिला, जिसमें बैंकों के बीच धन के लेन-देन पर एमडीआर को शून्य रखा गया था। यह मुफ्त मॉडल ग्राहकों के बीच लोकप्रिय हो गया और लोगों ने बड़ी तेजी से यूपीआई को अपनाना शुरू कर दिया, लेकिन साथ ही यह बहस भी छिड़ी कि इसको चलाने का खर्च कौन उठाएगा? आज यूप...
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