हल्द्वानी, अगस्त 19 -- प्रमोद डालाकोटी हल्द्वानी। उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के शोध एवं नवाचार विभाग की ओर से पीएचडी शोधार्थियों की छमाही प्रगति समीक्षा के लिए दो दिवसीय शोध कार्यशाला शुरू हो गई है। मुख्य वक्ता महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय मोतिहारी के पूर्व कुलपति प्रो. संजीव शर्मा ने इमर्जिंग डायमेंशंस ऑफ सोशल साइंस रिसर्च विषय पर विचार रखते हुए कहा कि पीएचडी एक बड़ी जिम्मेदारी है, जिसे गंभीरता से निभाना चाहिए।वहीं उद्यमी एवं अभिनेता द्वारिका प्रसाद रतूड़ी ने अनुशासन, समय की पाबंदी और अपनी संस्कृति से जुड़े रहकर वैश्विक सोच अपनाने पर बल दिया। कुलपति प्रो. नवीन चन्द्र लोहनी ने कहा कि शोध के परिणाम जब धरातल पर दिखें, तभी उसकी असली सार्थकता है। उन्होंने एआई को शोध सुधार का जरिया बनाने की बात कही। द्वितीय चरण में विश्वविद्यालय के ...